भक्ति की सभा
ॐ
भगवान धन्वंतरि

भगवान धन्वंतरि

सनातन देव पीठ परम कल्याणकारी दिव्य स्वरूप

ॐ
॥ सिद्ध मूल / बीज / ध्यान मंत्र ॥

ॐ नमो भगवते महासुदर्शनाय वासुदेवाय धन्वंतराये अमृतकलशहस्ताय सर्वभयविनाशाय सर्वरोगनिवारणाय

संक्षिप्त परिचय व पावन स्वरूप

समुद्र मंथन से अमृत कलश लेकर प्रकट हुए आयुर्वेद के जनक एवं चिकित्सा व आरोग्य के देव।

पौराणिक इतिहास, दिव्य लीलाएं एवं महात्म्य

भगवान धन्वंतरि विष्णु जी के अवतार हैं। धनतेरस के दिन इनके पूजन से परिवार में रोग-दोषों का निवारण और दीर्घायु की प्राप्ति होती है।

दिव्य लक्षण एवं आयुध
दिव्य वाहन:

गरुड़

प्रमुख अस्त्र-शस्त्र / आयुध:

अमृत कलश, जलौका (जोंक), शंख, चक्र

मुख्य पर्व एवं व्रत:

धनतेरस (धन्वंतरि जयंती), राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस

Daily Gita Sadhana

Listen to One Sacred Verse Daily & Practice in Life

Original Sanskrit verses of Shrimad Bhagavad Gita with accurate commentary in English & Indian regional languages.

भक्ति की सभा
सनातन धर्म की अपनी सभा पवित्र श्लोक व व्याख्या लोड हो रही है...
सत्यम् शिवम् सुन्दरम्